18 अक्टूबर 2026 का पंचांग — तिथि, नक्षत्र, वार
त्वरित उत्तर: 18 अक्टूबर 2026 को रविवार है। तिथि: शुक्ल सप्तमी (17 अक्टूबर, प्रातः 05:55 से 18 अक्टूबर, प्रातः 08:29 तक)। नक्षत्र: पूर्वाषाढ़ा। अभिजित मुहूर्त: प्रातः 11:44 से दोपहर 12:29 तक। राहुकाल: सायं 04:23 से 05:49 तक।
दिल्ली एनसीआर • 18 अक्टूबर 2026 (रविवार) शुक्ल सप्तमी
अक्टूबर 2026
18 अक्टूबर 2026 (रविवार)
दिल्ली एनसीआर का पंचांग • शुक्ल सप्तमी
चित्रा · पाद 4 (सूर्य कन्या राशि में)
इस दिन के पंचांग अंग
सप्तमी
पूर्वाषाढ़ा
सुकर्मा
वणिज
रविवार
शास्त्रीय ज्योतिष के अनुसार प्रमुख संस्कारों हेतु आज की मुहूर्त अनुकूलता
शुभ कार्यों के शुभारम्भ हेतु इन कालों को वर्जित माना गया है
सायं 04:23 – 05:49
दोपहर 01:32 – 02:58
प्रातः 06:24 – 07:50
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पंचांग के पांच प्रमुख अंग क्या हैं?
पंचांग का शाब्दिक अर्थ है 'पांच अंग'। वैदिक काल-गणना में ये पांच खगोलीय आधार प्रत्येक क्षण की शुभता एवं ऊर्जा का निर्धारण करते हैं।
1. तिथि
चंद्र दिवससूर्य और चंद्रमा के मध्य 12 अंश की कोणीय दूरी। एक चंद्र मास में 30 तिथियां होती हैं।
2. नक्षत्र
तारामंडलचंद्रमा द्वारा पार किए जाने वाले 27 तारामंडल (प्रत्येक 13°20')।
3. योग
सूर्य-चंद्र योगसूर्य और चंद्र के भोगांशों का योग, जो 27 भागों में विभाजित है।
4. करण
आधी तिथिएक तिथि का आधा भाग (6 अंश)। कुल 11 करण होते हैं (4 स्थिर और 7 चर)।
5. वार
सप्ताह का दिनसूर्योदय से अगले सूर्योदय तक का सौर दिवस, जिसके अधिपति नवग्रह होते हैं।