दीपावली (दिवाली) 2027
दीपावली प्रकाश का महापर्व है जो प्रभु श्री राम के १४ वर्षों के वनवास के पश्चात अयोध्या आगमन और सुख-समृद्धि, बुद्धि एवं मंगल हेतु माता महालक्ष्मी एवं भगवान श्री गणेश की आराधना का पावन दिन है।
⏱️ दीपावली (दिवाली) 2027 शुभ मुहूर्त एवं समय
🔱 धार्मिक महत्व एवं कथा
कार्तिक अमावस्या की इस पावन रात्रि पर दीपदान, प्रदोष काल में महालक्ष्मी पूजन एवं बही-खाता पूजन अत्यंत फलदायी माना जाता है।
🪔 प्रामाणिक पूजा विधि
- पूजा स्थल को गंगाजल छिड़ककर पवित्र करें और लकड़ी की चौकी पर नया लाल या पीला वस्त्र बिछाएं।
- तांबे या पीतल के कलश में जल, सुपारी, सिक्का और आम के पत्ते रखकर ऊपर स्वास्तिक युक्त नारियल स्थापित करें।
- चौकी पर माँ महालक्ष्मी एवं भगवान श्री गणेश की प्रतिमा स्थापित करें और नवग्रह व कुबेर देव का स्मरण करें।
- रोली, अक्षत, चंदन, कमल पुष्प, इत्र, धूप, नैवेद्य और ११ या २१ शुद्ध घी के दीपक प्रज्वलित करें।
- प्रदोष काल में श्री सूक्त एवं कनकधारा स्तोत्र का पाठ करें, महालक्ष्मी की आरती कर परिजनों में प्रसाद वितरित करें।
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❓ दीपावली (दिवाली) 2027 से जुड़े प्रमुख प्रश्न
वर्ष 2026 में दिवाली (दीपावली) की सही तारीख क्या है?
वर्ष 2026 में दीपावली का महापर्व रविवार, 8 नवंबर 2026 (कार्तिक अमावस्या) को मनाया जाएगा।
दिवाली 2026 पर लक्ष्मी पूजा का सबसे शुभ मुहूर्त क्या है?
दिवाली 2026 पर लक्ष्मी पूजन का सर्वश्रेष्ठ प्रदोष काल मुहूर्त सायं 05:32 से रात्रि 08:11 तक रहेगा।
वर्ष 2027 में दीपावली कब है?
वर्ष 2027 में दीपावली गुरुवार, 28 अक्टूबर 2027 को मनाई जाएगी।
क्या दिवाली पूजन के लिए पंडितसाथी से वैदिक पंडित बुक कर सकते हैं?
हाँ, पंडितसाथी आपके घर या व्यावसायिक प्रतिष्ठान पर प्रामाणिक लक्ष्मी-गणेश पूजन, चोपड़ा पूजन व कुबेर पूजा हेतु अनुभवी वैदिक पंडित उपलब्ध कराता है।